कुष्ठावस्था पेंशन योजना

कुष्ठावस्था पेंशन योजना

पात्रता व शर्ते

इस योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे दिव्यांगजन एवं कुष्ठ रोग ग्रस्त व्यक्तियों के भरण-पोषण के लिये अनुदान की सहायता देना है जिनके परिवार की आय उनके भरण-पोषण हेतु पर्याप्त न हो।

  • कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन से तात्पर्य ऐसे सभी व्याक्तियों से है, जिनमें कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगता उत्पन्न हुयी हो (चाहे दिव्यांगता का प्रतिशत कुछ भी हो) तथा जिसे उत्तर प्रदेश के संबंधित जनपद के मुख्य जिकित्साधिकारी से तत्संबंधी दिव्यांगता प्रमाण पत्र प्राप्त हो।
  • जो कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हों।
  • वृद्धावस्था पेंशन, निराश्रित महिला पेंशन अथवा ऐसी ही किसी अन्य योजना के अन्तर्गत पेंशन/अनुदान/सहायता पाने वाला व्यक्ति इस पेंशन/अनुदान के लिये पात्र नही होंगे।
  • आय - उक्त पेंशन/अनुदान के लिये बी.पी.एल. आय सीमा निर्धारित होगी।
  • आयु - कुष्ठ रोग के कारण हुये दिव्यांगजन किसी भी आयु वर्ग के हों, पेशन/अनुदान हेतु पात्र होगें।
  • दर - इस योजना के अन्तर्गत कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन के लिये अनुदान की दर प्रति लभार्थी रू. 3000/- प्रति माह होगी। इसके लिये शासन द्वारा समय-समय पर संशोधित दर मान्य होगी।
    उपर्युक्त पात्रता की शर्तो में किसी प्रकार के विवाद होने की दशा में जिलाधिकारी का निर्णय अंतिम होगा।
  • आवेदन पत्र आवेदन पत्र दिव्यांगजन जन द्वारा जन सुविधा केन्द्र/लोकवाणी/इन्टरनेट के माध्यम से sspy-up.gov.in  पर भरा जा सकता है तथा ई-आवेदन की अद्यतन् स्थिति भी प्राप्त की जा सकती है।
  • पेंशन की धनराशि का भुगतान आधार बेस्ड पेमेंट प्रणाली के माध्यम से लाभार्थी के आधार सीडेड बैंक खाते में किया जाएगा।
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